अमेठी 29 दिसम्बर 2018 विकास भवन सभागार में पेयजल एवं स्वच्छता
संगठन, उत्तर प्रदेश राज्य पेयजल एवं स्वच्छता मिशन के तहत समुदाय आधारित पाइप
पेयजल योजनाओं के संचालन एवं अनुरक्षण पर जनपद स्तरीय एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन
प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी बंशीधर सरोज जिलाधिकारी की अध्यक्षता में किया
गया।
कार्यशाला में सर्वप्रथम प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी ने दीप
प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। तदोपरान्त कार्यशाला की विधिवत शुरुआत
की गई। कार्यशाला में ग्रामीण पेयजल योजनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। प्रभारी
मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि प्रत्येक घर तक वर्ष भर में पाईप द्वारा शुद्ध
पेयजल उपलब्ध कराना इन पाइप पेयजल योजनाओं का उद्देश्य है, जिनके माध्यम से शुद्ध
पीने का पानी आपके घर तक नलो के माध्यम से पहुंचाया जाएगा।
यह योजना पूरी तरह समुदाय की देखरेख में बनायी जाती है, इसके रखरखाव
की जिम्मेदारी भी समुदाय की होती है। योजना के क्रियान्वयन के लिए एक समिति का गठन
किया जाएगा, जो योजना के सम्बंध में लोगों को जागरुक करती है एवं योजना का उचित
रखरखाव करती है। साथ ही ग्राम पंचायत से तालमेल बैठाकर विकास से सम्बंधित अन्य
जानकारी लोगों को उपलब्ध कराती है। साथ ही सार्वजनिक स्वच्छता, पर्यावरण, प्रदूषण
नियंत्रण जैसे विषयों पर जागरुकता पैदा करने का कार्य भी करती है। योजना के संचालन
के लिए एक मोटर आॅपरेटर, एवं प्लम्बर को मानदये पर रखा जाता है।
साथ ही रखरखाव के लिए सामान भी खरीदना होता है जिस पर हुये खर्चे को
उपलभोक्ता शुल्क से पूरा किया जाता है। उपभोक्ता शुल्क का उपयोग योजना संचालन के
लिए मोटर आॅपरेटर का मानदेय और बिजली बिल का भुगतान करने में होता है। साथ ही शुल्क
का उपयोग मरम्मत एवं रखरखाव पर भी किया जाता है। योजना के रखरखाव के लिए गठित समिति
आम सहमति से कुछ न्यूनतम उपभोक्ता शुल्क मासिक तौर पर जमा करायेगी। इस खर्चे का
पूरा हिसाब हर माह समूह को दिखाया जाता है। इस योजना के लिए प्रत्येक घर में शुद्ध
पानी की आपूर्ति के लिए भूमिगत जल का उपयोग किया जाता है। भूमिगत जल को
नलकूप/बोरिंग एवं पम्पसेट के द्वारा निकाला जाता है।
साथ ही जानकारी दी गई कि धरती पर हमारे इस्तेमाल लायक पानी बहुत कम
है और लगातार अधिक मात्रा में बिना जरुरत के पानी बर्बाद करने से आगे चलकर भूमिगत
पानी भी उपलब्ध नहीं हो पायेगा इसलिए इस योजना के तहत पानी की उपलब्धता जितनी जरुरत
होगी उतनी ही करायी जाएगी।
उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं पर आप काम कर रहें हैं उनके परिणाम भी
अच्छे आयें इसका ध्यान रखा जाए।
कार्यशाला के दौरान परियोजना निदेशक साहित्य प्रकाश मिश्रा, अधिशासी
अभियंता जल निगम महेंद्र राम, जिला योजना प्रबंधन इकाई के राज्य स्तर से आए हुए
ट्रेनर रमाशंकर त्रिपाठी, वाटर टेस्टिंग लैब सहायक जल निगम महेंद्र सिंह ने स्वच्छ
पाइप पेयजल परियोजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान खंड विकास अधिकारी,
एडीओ पंचायत, पंचायत सचिव तथा ग्राम प्रधान मौजूद रहे।

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