अच्छी शिक्षा और संस्कार समाज की सबसे बडी जरूरत
अच्छी शिक्षा और संस्कार समाज की सबसे बडी जरूरत
बेकार नहीं जाती निःस्वार्थ भाव से की गई सेवा-बाबा मनोहर सिंह
अमेठी।
गुरुद्वारा श्री चंद साहब चुग्गा खुर्द ,मोगा, पंजाब के मुख्य सेवादार बाबा मनोहर सिंह पिछले एक सप्ताह से नगर के चाणक्य पुरी मुहल्ले मे श्री गुरु गोविंद सिंह जी लंगर समिति के लंगर स्थल पर प्रवास कर रहे हैं। सिक्ख धर्म के गुरुओं के जीवन दर्शन के साथ सामाजिक कार्यों को उन्होंने अपने संवाद का केंद्र बनाया है। बाबा मनोहर सिंह ने कहा है कि निःस्वार्थ भाव से की गई सेवा का लाभ हर व्यक्ति को उसके जीवन मे जरूर मिलता है।अच्छी शिक्षा और अच्छे संस्कार आज के समाज की सबसे बडी जरूरत हैं, ये एक दिन मे नहीं आते, इनके लिए खुद करके दिखाना होता है।
चाणक्य पुरी लंगर स्थल पर इस समय सरकारी स्कूल सिस्टम की मजबूती के साथ धर्म,अध्यात्म और.शिक्षा पर दिन भर चर्चा चल.रही है।चाय पर चर्चा मे लोग उत्साह से शामिल हैं।रविवार की शाम बाबा मनोहर सिंह ने एक युवा स्कूल क्लर्क के रुप मे काम करते हुए अपने जीवन के संस्मरण सुनाए और कहा कि सिर्फ़ एक रात की सेवा ने एक दस नम्बरी व्यक्ति को हमारा शुभ चिंतक बना दिया और वह पूरी नौकरी मेरी सुरक्षा करता रहा, हमें परेशान करने वाला स्कूल सुरक्षा गार्ड खुद नौकरी छोडकर भाग गया। बाबा मनोहर सिंह ने अपनी विदेश यात्राओं के दौरान गुरुद्वारों की सेवा और अपने काम के अनुभव भी सेवादारों के साथ साझा.किए और अच्छे समाज के निर्माण को कथनी -करनी मे एकरूपता के संदेश दिए। विचार गोष्ठी मे अम्बरीष मिश्रा,संजीव भारती, सदाशिव पांडेय, जगन्निवास मिश्रा, श्री नाथ,सुनील त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।
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